संत प्रेमानंद जी महाराज से मिलने का सपना संजोए एक महिला को सोशल मीडिया पर की गई दोस्ती भारी पड़ गई। आरोपी ने खुद को संत का भक्त बताकर महिला को वृंदावन बुलाया और नशीला पेय पिलाकर उसके साथ बलात्कार किया। यही नहीं, इस जघन्य कृत्य का वीडियो बनाकर उसने महिला को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपी की तलाश जारी है।
क्या है पूरा मामला?
घटना की शुरुआत सोशल मीडिया पर हुई, जहां एक महिला की पहचान एक व्यक्ति से हुई, जिसने खुद को संत प्रेमानंद जी महाराज का भक्त बताया। आरोपी ने महिला की धार्मिक आस्था का फायदा उठाते हुए कहा कि वह उसे वृंदावन में संत जी से मिलवाएगा। महिला, जो खुद संत प्रेमानंद जी की अनुयायी थी, भावनात्मक रूप से जुड़ गई और मिलने को तैयार हो गई।
पीड़िता वृंदावन पहुंची, जहां आरोपी ने उसे एक होटल में ठहराया। वहीं पर उसने एक पेय पदार्थ में नशीला पदार्थ मिलाकर महिला को पिला दिया। बेहोशी की हालत में उसने महिला के साथ बलात्कार किया और उसका वीडियो भी बना लिया।
ब्लैकमेलिंग और धमकी
होश में आने के बाद जब महिला ने विरोध किया तो आरोपी ने उसे वीडियो वायरल करने की धमकी दी और चुप रहने को कहा। लेकिन महिला ने हिम्मत दिखाई और सीधे पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 376 (बलात्कार), 328 (नशीला पदार्थ देकर अपराध करना), 384 (ब्लैकमेलिंग) और आईटी एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया है।
जांच में जुटी पुलिस
पुलिस ने आरोपी की पहचान कर ली है और उसके मोबाइल, होटल के CCTV फुटेज और अन्य तकनीकी सबूतों को इकट्ठा कर रही है। जांच अधिकारी ने बताया कि आरोपी फरार है, लेकिन जल्द ही गिरफ्तारी की संभावना है।
संत प्रेमानंद जी का नाम सिर्फ झांसा?
इस मामले में संत प्रेमानंद जी महाराज का कोई सीधा संबंध नहीं है। आरोपी ने महिला को बहलाने के लिए संत का नाम इस्तेमाल किया, ताकि महिला का विश्वास जीत सके। पुलिस जांच में यह स्पष्ट हो चुका है कि संत प्रेमानंद जी इस पूरे प्रकरण से पूर्णतः अनभिज्ञ हैं।
समाज के लिए चेतावनी
यह घटना एक बार फिर सोशल मीडिया की खतरनाक सच्चाई को उजागर करती है, जहाँ अनजान लोगों पर भरोसा जानलेवा हो सकता है। महिलाओं को चाहिए कि:
- किसी अनजान व्यक्ति से मिलने से पहले पूरी सतर्कता बरतें।
- धार्मिक या सामाजिक पहचान से भ्रमित न हों।
- किसी भी असहज परिस्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करें।